तात्याटोपे बलिदान दिवस पर राष्ट्रीय तरानों की प्रस्तुति-सुश्री आकृति मेहर एवं समूह ने उपस्थित दर्षकों का मन विमोहित किया

शिवपुरी, 19 अप्रैल 2014/ अमर शहीद तात्याटोपे के बलिदान दिवस पर स्वराज संस्थान संचालनालय म.प्र.षासन, संस्कृति विभाग एवं जिला प्रषासन के सहयोग से तात्याटोपे समाधि स्थल प्रांगण में रात्रि आठ बजे से आजादी के तरानें भोपाल के सुश्री आकृति मेहरा एवं उनके साथियों के द्वारा प्रस्तुत किये गये।
इस अवसर पर कलेक्टर श्री आर.के.जैन, अपर कलेक्टर श्री दिनेष जैन, एस.डी.एम. श्री डी.के.जैन के अलावा नगर पालिका षिवपुरी के स्वास्थ्य अधिकारी श्री अषोक शर्मा सहित अनेक जनप्रतिनिधि और नगर के गणमान्य नागरिक श्रोताओं में उपस्थित थे। कलेक्टर श्री आर.के.जैन ने कलाकारों की गायनकला की प्रषंसा करते हुये उन्हें पुष्पगुच्छ भेंट किये।

कार्यक्रम के प्रारम्भ में शासकीय कलापथक दल के श्री अरुण अपेक्षित ने और गिरीष मिश्रा में आमंत्रित कलाकारों का स्वागत करते हुये अमर शहीद तात्याटोपे के बलिदान को याद करते हुये उनके जीवन पर प्रकाष डाला तथा प्रथम स्वतंत्रता संग्राम की अनेक घटनाओं की चर्चा करते हुये अनेक अमर स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को याद किया। राष्ट्रीय तरानों का शुभारम्भ अनेक अमर राष्ट्रीय गीतों की धुनों के साथ किया गया। गायन का शुभारम्भ नन्ही बालिका अमोल ने भजन के साथ किया। तद्उपरांत देष विदेष में अनेक कार्यक्रम दे चुकी तथा अनेक प्रदेष तथा राष्ट्रीय स्तर के पुरस्कार तथा सम्मान प्राप्त कलाकार सुश्री आकृति मेहरा, रोहन पाठक और प्रसन्ना रावत ने अपनी राष्ट्रीय भावना से ओतप्रोत गीतों की प्रस्तुति से न केवल दर्षकों का मन विमोहित किया अपितु दर्षकों की मांग पर कुछ गीतों की पुनः प्रस्तुति भी की। इतना ही नहीं उपस्थित दर्षकों ने 26 जनवरी 2015 गणतंत्र दिवस पर आयोजित भारत पर्व पर पुनः इसी समूह को षिवपुरी भेजने की मांग संस्कृति विभाग से आये अधिकारी श्री राजेष कोहली और उनके सहयोगी श्री आषीष श्रीवास्तव से कर डाली। आकृति मेहरा समूह में ऑक्टोपेड पर श्री प्रवीण, सिन्थेसाइजर पर सागर, ढोलक पर राजकुमार सक्सेना, गिटार पर ललित उपस्थित थे। इस अवसर पर संस्कृति विभाग ने राष्ट्रीय स्वतंत्रता संग्राम में योगदान देने वाली क्रांतिकारी महिलाओं की चित्र प्रदर्षनी भी लगाई थी। विषेष उपस्थित श्रोताओं में डॉ.रघुवीर सिंह गोर, श्री विजय भार्गव, आदित्य षिवपुरी, हरिवंष त्रिवेदी षिवंष, नितिन शर्मा, रामजीलाल शर्मा, लल्ला पहलवान आदि थे। आभार प्रदर्शन श्री अरूण अपेक्षित के द्वारा किया गया।


11 अप्रेल 2014 नेषनल सेफ मदर डे पर राष्ट्रीय पुरूस्कार मध्यप्रदेष से एक मात्र ए.एन.एम.श्रीमती राजेष्वरी रिछारिया को मिला
षिवपुरी! 11 अप्रेल 2014 को गुलमोहर हॉल, इण्डियन हेवीटेट सेंटर, नई दिल्ली में नेषनल सेफ मदर डे समारोह आयोजित किया गया था। यह समारोह प्रतिवर्ष, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, भारत सरकार व द व्हाईट रिवन एलाईस द्वारा संयुक्त रूप से संचालित किया जाता है। उक्त समारोह में सम्पूर्ण भारत वर्ष से 10 राज्यो से मातृ स्वास्थ्य में उत्कृष्ठ कार्य करने वाली ए.एन.एम. को नामांकित किया गया था। मध्यप्रदेष से एक मात्र ए.एन.एम. श्रीमती राजेष्वरी रिछारिया को 11 अप्रेल 2014 को नेषनल सेफ मदर डे पुरूस्कार समारोह हेतु डॉ.संजय ऋषीष्वर, जिला मातृ एवं षिषु स्वास्थ्य अधिकारी जिला षिवपुरी द्वारा नामांकित किया गया था। 11 अप्रेल 2014 को गुलमोहर हॉल, इण्डियन हेवीटेट सेंटर, नई दिल्ली में नेषनल सेफ मदर डे पुरूस्कार मध्यप्रदेष से एक मात्र संविदा ए.एन.एम. श्रीमती राजेष्वरी रिछारिया, एम.सी.एच. लेवल-1 उप स्वा.केन्द्र अछरोनी विकासखण्ड खनियाधाना को डॉ. मनोज झलानी, सेक्रेटरी, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण भारत सरकार द्वारा दिया गया। ज्ञात हो कि श्रीमान् कलेक्टर महोदय के निर्देषन में व डॉ.एल.एस.उचारिया, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के नेतृत्व एवं डॉ.संजय ऋषीष्वर, जिला मातृ एवं षिषु स्वास्थ्य अधिकारी के निरंतर प्रयासो से उक्त उप स्वा.केन्द्र अछरोनी को एम.सी.एच.लेवल-1 बनवाया गया। षिवपुरी जिले की होनहार, कार्यषील, लगनषील, कर्तव्यषील श्रीमती राजेष्वरी रिछारिया, संविदा ए.एन.एम.(एन.आर.एच.एम.) एम.सी.एच. लेवल-1 उप स्वा.केन्द्र अछरोनी विकासखण्ड खनियाधाना में पदस्थ है। इन्होने उप स्वा.केन्द्र अछरोनी पर 281 जन्म की रिपोर्टिग की व वर्ष 2013-14 में 16 हाईरिस्क गर्भवती महिलाओं को चिन्हांकित किया, जिनमें से 06 हाईरिस्क महिलाओं की डिलेवरी कराई व 10 हाईरिस्क महिलाओं को रेफर किया व अगस्त 2013 से 100 प्रसव अपने उप स्वा.केन्द्र पर कराये व 05 होम डिलेवरी भी संचालित की व इनके उप स्वा.केन्द्र पर आज दिनांक तक कोई भी मातृ मृत्यु नहीं हुई है।


मतदान प्रकिया के दौरान एक्जिट पोल और ओपिनियन पोल का प्रकाशन-प्रसारण न करें
भारत निर्वाचन आयोग ने मीडिया संस्थानों को दी सलाह जनप्रतिनिधित्व कानून 1951 का बताया उल्लंघन
रायपुर. 19 अप्रेल 2014 लोकसभा आम चुनाव 2014 में मतदान प्रक्रिया के दौरान चुनाव सर्वेक्षणों (एक्जिट पोल और ओपिनियन पोल) के प्रकाशन एवं प्रसारण पर भारत निर्वाचन आयोग ने संज्ञान लेते हुए देश के सभी समाचार पत्रों, पत्रिकाओं और टेलीविजन न्यूज चैनलों को पत्र लिखकर चुनाव आचार संहिता का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने की सलाह दी है। निर्वाचन आयोग ने लोकसभा आम चुनाव के लिए मतदान प्रक्रिया शुरू होने के बाद एक्जिट पोल और ओपिनियन पोल के प्रकाशन एवं प्रसारण को जनप्रतिनिधित्व कानून 1951 के अनुच्छेद 126 ए का उल्लंघन बताया है। भारत निर्वाचन आयोग ने देश के सभी प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया संस्थानों को पत्र जारी कर कहा है कि आयोग द्वारा जारी लोकसभा आम चुनाव 2014 के निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार 07 अप्रेल से 12 मई तक नौ चरणों में मतदान कार्य संपन्न होगा। इस दौरान किसी भी प्रकार के एक्जिट पोल और ओपिनियन पोल का प्रसारण तथा प्रकाशन प्रतिबंधित है। पत्र में कहा गया है कि आयोग के संज्ञान में यह तथ्य लाया गया है कि 14 अप्रेल को कतिपय न्यूज चैनलों द्वारा ओपिनियन पोल के रूप में चुनाव सर्वेक्षण का प्रसारण किया गया है। कुछ समाचार पत्रों द्वारा भी इस दौरान इसी तरह के ओपिनियन पोल का प्रकाशन किया गया है। इन ओपिनियन पोल्स में उन 111 लोकसभा सीटों के चुनाव परिणामों का पूर्वानुमान भी शामिल था जहां 07, 09, 10, 11 और 12 अप्रेल को मतदान हो चुका था। इस प्रकार यह एक्जिट पोल का ही एक रूप था। आयोग ने संज्ञान लिया है कि इन कथित ओपिनियन पोल्स में इन चरणों में विभिन्न राजनीतिक दलों को प्राप्त संभावित सीटों की संख्या की जानकारी भी शामिल थी जो कि जनप्रतिनिधित्व कानून 1951 का उल्लंघन है। आयोग ने अपने पत्र में आगे कहा है कि भारतीय जनप्रतिनिधित्व कानून 1951 के अनुच्छेद 126 ए के अनुसार कोई भी व्यक्ति मतदान प्रक्रिया का प्रथम चरण शुरू होने से लेकर अंतिम चरण समाप्त होने के आधे घंटे बाद तक एक्जिट पोल का संचालन, प्रकाशन तथा प्रसारण नहीं कर सकता। इन बातों को दृष्टिगत रखते हुए आयोग ने सभी मीडिया संस्थानों को सलाह दी है कि स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव का संपादन सुनिश्चित करने तथा सभी को प्रतिस्पर्धा के समान अवसर उपलब्ध कराने के लिए ओपिनियन पोल के नाम पर किसी भी तरह के एक्जिट पोल का प्रकाशन अथवा प्रसारण न किया जाए।

योग शिविर की अनुमति से पहले संस्थाओं की छानबीन के निर्देश
भोपाल : शनिवार, अप्रैल 19, 2014 भारत निर्वाचन आयोग के संज्ञान में आया है कि कुछ स्थानों पर अराजनैतिक योग शिविर आयोजित करने की अनुमति लेने के बाद शर्तों का उल्लंघन करते हुए आयोजन का इस्तेमाल चुनाव प्रचार के लिये किया गया। आयोग ने मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को समस्त जिला निर्वाचन अधिकारी एवं निर्वाचन अधिकारियों को ऐसे निर्देश देने को कहा है कि शिविर की अनुमति देने से पहले उन्हें आयोजित करने वाली संस्थाओं की छानबीन कर ली जाये, ताकि इन शिविरों का राजनैतिक इस्तेमाल न हो सके। यदि कोई संस्था, आयोजक या भागीदार पहले आयोजन की शर्तों का उल्लंघन कर चुके हैं, तो उन्हें शिविर आयोजित करने की अनुमति न दी जाये। पूर्व में भी यदि इस प्रकार का उल्लंघन हुआ है तो संस्था तथा मंच पर आसीन व्यक्ति के नाम सहित उसका ब्यौरा तत्काल ईमेल, फेक्स आदि से आयोग को भेजा जाये।

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